शादी के बाद पत्नी का नाम राशन कार्ड में जोड़ना हो या घर में नए बच्चे के जन्म के बाद उसका नाम जुड़वाना हो, यह काम अब पहले से कहीं आसान हो गया है। ration card me naam jodna के लिए Bihar सरकार ने ऑनलाइन सुविधा उपलब्ध कराई है, जिससे आप घर बैठे आवेदन कर सकते हैं। इस आर्टिकल में हम आपको बताएंगे कि शादी और जन्म के बाद नाम जोड़ने के लिए कौन से Documents चाहिए, EPDS Portal पर Apply कैसे करें, e-KYC क्यों जरूरी है और कितने दिनों में नाम जुड़ता है।
| सेवा | लिंक |
|---|---|
| Naam Jodein | Apply Karein |
| Status Check | Check Karein |
राशन कार्ड में नया नाम कब जोड़ना पड़ता है।
परिवार में नया सदस्य जुड़ते ही उसका नाम राशन कार्ड में जुड़वाना जरूरी होता है, क्योंकि राशन कार्ड के आधार पर ही हर सदस्य को अनाज और सरकारी योजनाओं का लाभ मिलता है। सबसे आम स्थिति शादी के बाद की होती है, जब पत्नी का नाम उसके मायके के राशन कार्ड से हटाकर ससुराल के राशन कार्ड में जोड़ा जाता है। दूसरी आम स्थिति बच्चे के जन्म के बाद की होती है, जब नवजात का नाम परिवार के कार्ड में दर्ज कराया जाता है।
ध्यान रहे कि शादी के बाद पत्नी का नाम जोड़ने से पहले उसका नाम मायके के राशन कार्ड से हटवाना अनिवार्य होता है, वरना दो जगह नाम होने से आवेदन अटक सकता है। राशन कार्ड से नाम हटाने की प्रक्रिया पहले पूरी कर लें और सरेंडर रसीद संभालकर रखें।
नाम जोड़ने के लिए जरूरी दस्तावेज़।
शादी के बाद पत्नी का नाम जोड़ने के लिए शादी प्रमाण पत्र या ग्राम प्रधान व वार्ड पार्षद द्वारा सत्यापित पत्र, मायके के राशन कार्ड से नाम हटाने की सरेंडर रसीद, पति के परिवार का मौजूदा राशन कार्ड, परिवार के मुखिया का Aadhaar और पत्नी का अपडेटेड Aadhaar चाहिए, जिसमें पति का नाम और ससुराल का पता दर्ज हो। बच्चे के जन्म के बाद नाम जोड़ने के लिए जन्म प्रमाण पत्र और बच्चे का Aadhaar सबसे अहम दस्तावेज़ हैं। अगर अभी तक जन्म प्रमाण पत्र बनवाने की प्रक्रिया पूरी नहीं हुई है, तो पहले वही करवाएं, क्योंकि उसी के आधार पर बच्चे का Aadhaar बनेगा।
इसके अलावा नए सदस्य का Aadhaar, पुराने राशन कार्ड की फोटोकॉपी, Aadhaar से जुड़ा Mobile Number और पासपोर्ट साइज फोटो भी तैयार रखें। ऑनलाइन आवेदन में इन सभी Documents की स्कैन कॉपी या साफ फोटो अपलोड करनी होती है, इसलिए पहले से ही फोन में इनकी स्पष्ट तस्वीरें रख लें।
ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया।
Bihar में राशन कार्ड से जुड़ी सेवाएं अब डिजिटल हो चुकी हैं। नाम जोड़ने के लिए सबसे पहले EPDS Bihar Portal या serviceonline.bihar.gov.in पर जाएं। पहली बार विजिट कर रहे हैं तो Mobile Number और OTP से रजिस्ट्रेशन करें, पहले से अकाउंट है तो सीधे Login करें। Login के बाद Citizen Corner में सदस्य जोड़ने या Add Member का विकल्प चुनें।
फॉर्म में अपना राशन कार्ड नंबर, नए सदस्य का Aadhaar नंबर और मांगी गई सभी जानकारियां सही सही भरें। Aadhaar में दर्ज नाम और जन्मतिथि से फॉर्म की जानकारी मेल खानी चाहिए, वरना आवेदन रिजेक्ट हो सकता है। इसके बाद सभी जरूरी Documents अपलोड करके फॉर्म Submit कर दें। Submit होते ही आपको एक Acknowledgement या रजिस्ट्रेशन नंबर मिलेगा, इसे संभालकर रखें।
आवेदन के बाद खाद्य विभाग आपके Documents और पते का सत्यापन करता है। Status Check करने के लिए उसी Portal पर रजिस्ट्रेशन नंबर डालकर अपने आवेदन की प्रगति देख सकते हैं। सत्यापन पूरा होते ही नया नाम कार्ड में जुड़ जाता है और डिजिटल राशन कार्ड Download के लिए उपलब्ध हो जाता है। अगर ऑनलाइन आवेदन में दिक्कत आए तो नजदीकी जन सेवा केंद्र या वसुधा केंद्र से मदद ली जा सकती है।
ऑफलाइन आवेदन कैसे करें।
जो लोग ऑनलाइन आवेदन नहीं कर पाते, वे ऑफलाइन तरीका भी अपना सकते हैं। इसके लिए अपने प्रखंड के आपूर्ति कार्यालय या SDO कार्यालय जाएं और सदस्य का नाम जोड़ने का आवेदन फॉर्म लें। फॉर्म में परिवार और नए सदस्य की पूरी जानकारी भरें और सभी Documents की फोटोकॉपी संलग्न करें। शादी के मामले में सरेंडर रसीद जरूर लगाएं।
फॉर्म जमा करते समय कार्यालय से पावती रसीद अवश्य लें, ताकि बाद में Status की जानकारी ली जा सके। चाहें तो वसुधा केंद्र या CSC के ऑपरेटर से भी ऑनलाइन आवेदन करवा सकते हैं, इसके लिए मामूली सेवा शुल्क लग सकता है।
e-KYC क्यों जरूरी है।
Bihar में राशन कार्ड के लिए e-KYC अब अनिवार्य कर दी गई है। हर सदस्य का Aadhaar कार्ड से जुड़ा होना और बायोमेट्रिक सत्यापन पूरा होना जरूरी है। e-KYC का मकसद फर्जी और डुप्लीकेट नामों को हटाकर सही लाभार्थियों तक अनाज पहुंचाना है। जो सदस्य e-KYC नहीं कराते, उनका नाम लाभार्थी सूची से हटाया जा सकता है।
नया नाम जोड़ते समय नए सदस्य का Aadhaar सीडिंग भी साथ में हो जाता है, लेकिन पुराने सदस्यों की e-KYC पेंडिंग है तो उसे भी जल्द पूरा करवा लें। e-KYC के लिए नजदीकी PDS दुकान या राशन डीलर के पास Aadhaar और राशन कार्ड लेकर जाएं, वहां बायोमेट्रिक से सत्यापन हो जाता है। अगर e-KYC की वजह से कोई दिक्कत आ रही है तो राशन कार्ड रिजेक्ट होने के कारण और e-KYC की जानकारी जरूर पढ़ें।
कितने दिन में नाम जुड़ता है।
आवेदन Submit होने के बाद खाद्य विभाग Documents का सत्यापन करता है। आमतौर पर सत्यापन पूरा होने में 15 से 30 दिन का समय लगता है। सत्यापन में सब कुछ सही पाए जाने पर नया नाम राशन कार्ड में जोड़ दिया जाता है और अपडेटेड डिजिटल कार्ड Portal से Download किया जा सकता है।
अगर 30 दिन से ज्यादा समय बीत जाए और Status में कोई बदलाव न दिखे, तो अपने प्रखंड आपूर्ति कार्यालय में जाकर या हेल्पलाइन पर रजिस्ट्रेशन नंबर बताकर जानकारी लें। कई बार Documents में छोटी सी गलती की वजह से आवेदन अटक जाता है, ऐसे में सही कागज दोबारा जमा करने पर काम आगे बढ़ जाता है।
नाम जुड़ने के बाद ध्यान देने वाली बातें।
नाम जुड़ने के बाद यह जरूर जांच लें कि नया सदस्य सिर्फ एक ही राशन कार्ड में दर्ज है। दो जगह नाम होने पर भविष्य में कार्ड रद्द होने का खतरा रहता है। साथ ही यह भी सुनिश्चित करें कि Aadhaar में Mobile Number अपडेट है, क्योंकि OTP और Status की सारी जानकारी उसी नंबर पर आती है। आधार में मोबाइल नंबर अपडेट करने का तरीका यहां से जान सकते हैं।
राशन कार्ड अपडेट होने के बाद आयुष्मान कार्ड के लिए आवेदन जैसी स्वास्थ्य योजनाओं में भी नए सदस्य का नाम जुड़वाना न भूलें, क्योंकि कई योजनाएं राशन कार्ड के डेटा से ही लाभार्थी तय करती हैं।
आवेदन रिजेक्ट हो जाए तो क्या करें।
कई बार छोटी गलतियों की वजह से नाम जोड़ने का आवेदन रिजेक्ट हो जाता है। सबसे आम कारण Aadhaar और फॉर्म में नाम या जन्मतिथि का मेल न खाना, अधूरे Documents, पहले से किसी दूसरे कार्ड में नाम दर्ज होना या गलत जानकारी भरना है। रिजेक्ट होने पर घबराने की जरूरत नहीं है, Status में बताए गए कारण को ठीक करके दोबारा आवेदन किया जा सकता है। सही कारण जानने के लिए प्रखंड आपूर्ति कार्यालय में जाकर भी पूछताछ की जा सकती है।
हेल्पलाइन नंबर।
राशन कार्ड से जुड़ी किसी भी जानकारी या शिकायत के लिए Bihar खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग का Toll Free नंबर 1800-3456-194 जारी है। इसके अलावा राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा हेल्पलाइन 14445 और 1967 पर भी संपर्क किया जा सकता है। आवेदन में दिक्कत हो तो अपने नजदीकी राशन डीलर या प्रखंड आपूर्ति कार्यालय से भी मदद ली जा सकती है। अगर फोन पर समाधान न मिले तो खाद्य विभाग के ऑनलाइन शिकायत पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज की जा सकती है, जिसका निपटारा तय समय में किया जाता है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल।
शादी के बाद पत्नी का नाम जोड़ने के लिए सबसे पहले क्या करना चाहिए?
सबसे पहले पत्नी का नाम उसके मायके के राशन कार्ड से हटवाकर सरेंडर रसीद लें, फिर शादी प्रमाण पत्र और बाकी Documents के साथ ससुराल के राशन कार्ड में नाम जोड़ने के लिए आवेदन करें।
बच्चे का Aadhaar नहीं बना है तो क्या नाम जुड़ पाएगा?
नहीं, नाम जोड़ने के लिए बच्चे का Aadhaar जरूरी है। पहले जन्म प्रमाण पत्र बनवाकर बच्चे का Aadhaar बनवाएं, उसके बाद ही राशन कार्ड में नाम जोड़ने का आवेदन करें।
क्या बिना e-KYC के नया नाम जुड़ जाएगा?
नए सदस्य के आवेदन के साथ उसका Aadhaar लिंक करना जरूरी है। साथ ही परिवार के बाकी सदस्यों की e-KYC पेंडिंग है तो उसे भी पूरा करवा लें, वरना कार्ड पर असर पड़ सकता है।
ऑनलाइन आवेदन के बाद Status कैसे चेक करें?
आवेदन करते समय मिला Acknowledgement या रजिस्ट्रेशन नंबर संभालकर रखें। EPDS Portal पर यही नंबर डालकर अपने आवेदन की स्थिति देख सकते हैं।
नाम जोड़ने में कितना खर्च आता है?
सरकारी प्रक्रिया के लिए कोई शुल्क नहीं है। अगर वसुधा केंद्र या CSC से आवेदन करवाते हैं तो वहां मामूली सेवा शुल्क लग सकता है।
नाम गलत जुड़ गया तो सुधार कैसे होगा?
नाम में गलती होने पर Portal पर सुधार का विकल्प चुनें या प्रखंड आपूर्ति कार्यालय में सुधार के लिए आवेदन दें। सही Aadhaar और Documents के साथ सुधार आमतौर पर अगले सत्यापन चक्र में हो जाता है।







