नमस्ते दोस्तों, अगर आपके घर में पिता या दादा का पुराना जाति प्रमाणपत्र रखा है, चाहे वह हाथ से बना हुआ पुराना प्रमाणपत्र हो या पहले का कंप्यूटर वाला, तो समझ लीजिए आपका आधा काम पहले ही हो चुका है। purane jati praman patra se naya certificate बनवाना सबसे आसान और भरोसेमंद तरीका माना जाता है, क्योंकि पुराना प्रमाणपत्र आपकी जाति का सबसे मजबूत सबूत होता है। अक्सर ऐसा होता है कि पुराने प्रमाणपत्र वाले आवेदनों में अधिकारियों को ज्यादा जांच नहीं करनी पड़ती, इसलिए प्रक्रिया भी सहज रहती है। इस पोस्ट में जानिए, कौन से पुराने प्रमाणपत्र चलेंगे, कौन से दस्तावेज लगेंगे, Step By Step प्रक्रिया क्या है, और प्रमाणपत्र खो गया हो तो क्या करें।
जाने इस पोस्ट में क्या क्या है
- पुराने प्रमाणपत्र से नया बनवाना सबसे आसान क्यों है
- कौन से पुराने प्रमाणपत्र चलेंगे, पूरी शर्तें
- पुराने प्रमाणपत्र से नया बनवाने का Step By Step Process
- पूरी Document List, क्या क्या लगेगा
- पुराना प्रमाणपत्र खो गया या खराब हो गया तो क्या करें
- बेटा और बेटी दोनों के लिए प्रक्रिया, शादीशुदा बेटी के लिए खास नोट
- अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
Overview, एक नजर में
| विषय | विवरण |
| तरीका | पिता के पुराने जाति प्रमाणपत्र के आधार पर नया प्रमाणपत्र |
| सबसे बड़ा फायदा | पुराना प्रमाणपत्र जाति का सबसे मजबूत सबूत माना जाता है |
| कौन से चलेंगे | हाथ से बना पुराना या कंप्यूटराइज्ड, दोनों तरह के प्रमाणपत्र |
| मुख्य दस्तावेज | पुराना प्रमाणपत्र + आधार कार्ड + फोटो + स्व-घोषणा |
| आवेदन का तरीका | RTPS पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन |
Purane Jati Praman Patra Se Naya Certificate Kyu Sabse Aasaan Hai
जाति प्रमाणपत्र में सबसे बड़ी चुनौती जाति साबित करना होती है, पिता का पुराना प्रमाणपत्र होने पर यह चुनौती खत्म हो जाती है, क्योंकि वह पहले ही सक्षम अधिकारी की जांच के बाद जारी हो चुका होता है। दोबारा लंबी जांच की जरूरत नहीं पड़ती।
अक्सर ऐसा होता है कि पुराना प्रमाणपत्र लगे आवेदनों में कागजी कार्रवाई और पूछताछ कम होती है, परिवार की जाति पहले से स्थापित है, बस नए सदस्य के नाम पर प्रमाणपत्र जारी करना है। इसलिए पुराने प्रमाणपत्र को संभालकर रखें।
महत्वपूर्ण नोट: पुराना प्रमाणपत्र सिर्फ स्कैन कॉपी के रूप में Upload होता है, मूल प्रमाणपत्र आपके पास ही रहता है, उसे कहीं जमा नहीं करना पड़ता। इसलिए बेझिझक इसका इस्तेमाल करें।

Purane Jati Praman Patra Se Naya: Kaun Se Purane Certificate Chalenge
जब purane jati praman patra se naya बनवाना हो, तो पहला सवाल यही होता है कि पुराना प्रमाणपत्र चलेगा या नहीं, नीचे साफ बताया गया है कि कौन से मान्य हैं।
- हाथ से बना पुराना प्रमाणपत्र: अंचल कार्यालय या सक्षम अधिकारी द्वारा जारी, मुहर व हस्ताक्षर वाला हाथ से बना पुराना प्रमाणपत्र भी पूरी तरह चलेगा, पुराने समय में ज्यादातर प्रमाणपत्र हाथ से ही बनते थे।
- कंप्यूटराइज्ड पुराना प्रमाणपत्र: अगर पहले कभी कंप्यूटर से बना प्रमाणपत्र जारी हुआ था, तो वह भी मान्य है, चाहे वह कितना भी पुराना क्यों न हो।
- पिता या दादा का प्रमाणपत्र: आमतौर पर पिता के प्रमाणपत्र का इस्तेमाल होता है। दादा का प्रमाणपत्र भी चल सकता है, बशर्ते पारिवारिक संबंध स्पष्ट हो।
- शर्तें: प्रमाणपत्र असली होना चाहिए, किसी सक्षम अधिकारी द्वारा जारी होना चाहिए, और उसमें जाति साफ-साफ लिखी होनी चाहिए। फटा-पुराना प्रमाणपत्र भी चलेगा अगर उस पर लिखी जानकारी पढ़ी जा सकती हो।
महत्वपूर्ण नोट: प्रमाणपत्र पर जाति का नाम साफ पढ़ा जाना चाहिए। अगर स्याही फैल गई है या कागज इतना खराब हो गया है कि जाति पढ़ी ही नहीं जा सकती, तो पहले उसकी स्पष्ट फोटोकॉपी या डुप्लीकेट निकलवाने की कोशिश करें।
Purane Jati Praman Patra Se Naya Banane Ka Step By Step Process
अब जानते हैं कि purane jati praman patra se naya बनवाने के लिए ऑनलाइन आवेदन कैसे करें, पूरी प्रक्रिया Step By Step।
- सबसे पहले RTPS portal पर जाएं और होम पेज खोलें।
- सेवाओं की सूची में से जाति प्रमाणपत्र (Caste Certificate) सेवा चुनें और नया आवेदन फॉर्म खोलें।
- फॉर्म में अपना नाम, पिता का नाम, पता और जाति दर्ज करें। जाति वही लिखें जो पुराने प्रमाणपत्र में दर्ज है, दोनों में एकरूपता बहुत जरूरी है।
- अगर फॉर्म में पुराने प्रमाणपत्र का विवरण मांगा जाए, तो उसमें दर्ज संख्या या जारी करने वाले कार्यालय की जानकारी भरें।
- दस्तावेज Upload करें, सबसे पहले पिता के पुराने जाति प्रमाणपत्र की साफ स्कैन कॉपी, फिर आधार कार्ड, पासपोर्ट साइज फोटो और स्व-घोषणा पत्र।
- सारी जानकारी दोबारा जांच लें, खासकर नाम की स्पेलिंग और जाति, फिर Submit बटन पर क्लिक करें।
- आवेदन जमा होने के बाद Application Receipt Download करें और आवेदन संख्या (Application Number) संभालकर रखें।
- अब SMS के जरिए या पोर्टल पर Track Status से अपने आवेदन की स्थिति जांचते रहें। प्रमाणपत्र तैयार होने पर उसे पोर्टल से Download किया जा सकता है।
महत्वपूर्ण नोट: Upload करते समय पुराने प्रमाणपत्र की स्कैन कॉपी साफ और पूरी होनी चाहिए, कटा-फटा हिस्सा न हो और सारी जानकारी पढ़ी जा सके। धुंधली कॉपी से आवेदन में देरी हो सकती है।

Purane Jati Praman Patra Se Naya: Poori Document List
purane jati praman patra se naya बनवाते समय नीचे दिए गए दस्तावेज पहले से तैयार रखें, ताकि फॉर्म भरते समय कोई रुकावट न आए।
- पिता का पुराना जाति प्रमाणपत्र: यह सबसे मुख्य दस्तावेज है, इसकी साफ स्कैन कॉपी Upload करनी होगी।
- आधार कार्ड: आवेदक का आधार कार्ड पहचान और पते के सबूत के तौर पर लगता है।
- पासपोर्ट साइज फोटो: हाल ही में खिंचवाई गई साफ फोटो।
- स्व-घोषणा पत्र (Self Declaration): इसमें आपको घोषणा करनी होती है कि दी गई जानकारी सही है। यह फॉर्म पोर्टल पर ही मिल जाता है।
- पता प्रमाण: राशन कार्ड, वोटर ID या बिजली बिल में से कोई एक, अगर आधार में पता पहले से सही है तो अक्सर अलग से जरूरत नहीं पड़ती।
- संबंध का सबूत (जरूरत पड़ने पर): अगर पुराना प्रमाणपत्र दादा के नाम पर है, तो पिता का कोई दस्तावेज साथ लगा दें ताकि संबंध स्पष्ट हो सके।
महत्वपूर्ण नोट: दस्तावेजों की सूची में सबसे ज्यादा वजन पुराने प्रमाणपत्र का है। बाकी कागज सामान्य औपचारिकता के लिए हैं, इसलिए सबसे पहले पुराने प्रमाणपत्र की साफ कॉपी तैयार करें।

Purane Jati Praman Patra Se Naya: Purana Certificate Kho Gaya Ho To Kya Karein
अगर पिता का पुराना जाति प्रमाणपत्र खो गया है, पूरी तरह फट गया है या इतना खराब हो गया है कि पढ़ा नहीं जा सकता, तो भी purane jati praman patra se naya बनवाने के रास्ते बंद नहीं हुए हैं। नीचे दिए गए विकल्प अपनाएं।
सबसे अच्छा रास्ता डुप्लीकेट प्रमाणपत्र निकलवाना है, जिस कार्यालय से मूल प्रमाणपत्र जारी हुआ था, वहां आवेदन करें। पुराने प्रमाणपत्र की फोटोकॉपी, नंबर या जारी होने की तारीख याद हो तो काम और आसान हो जाता है।
अगर डुप्लीकेट निकलवाना संभव न हो, तो वैकल्पिक दस्तावेजों का सहारा लें। परिवार के खतियान में दर्ज जाति, स्कूल लीविंग सर्टिफिकेट में लिखी जाति, या शपथ पत्र (Affidavit) के आधार पर भी नया प्रमाणपत्र बन सकता है। पुराने प्रमाणपत्र की धुंधली फोटोकॉपी भी सहायक दस्तावेज के तौर पर साथ लगा दें, वह भी कुछ न कुछ मदद जरूर करती है।
महत्वपूर्ण नोट: प्रमाणपत्र खोने की स्थिति में घबराकर गलत या नकली दस्तावेज बनाने की गलती कभी न करें। डुप्लीकेट या वैकल्पिक दस्तावेजों का ईमानदार रास्ता ही सही है, नकली कागज पकड़े जाने पर भारी परेशानी हो सकती है।
Purane Jati Praman Patra Se Naya: Beta Aur Beti Dono Ke Liye Process
purane jati praman patra se naya बनवाने की प्रक्रिया बेटा और बेटी दोनों के लिए एक जैसी है, लेकिन कुछ स्थितियों में छोटे अंतर होते हैं जिन्हें जान लेना जरूरी है।
बेटे के लिए: प्रक्रिया सबसे सीधी है, पिता के पुराने जाति प्रमाणपत्र के आधार पर बेटे के नाम पर नया प्रमाणपत्र जारी हो जाता है। फॉर्म में पिता का नाम और पुराने प्रमाणपत्र का विवरण देना होता है।
अविवाहित बेटी के लिए: अविवाहित बेटी भी पिता के पुराने जाति प्रमाणपत्र के आधार पर ही आवेदन करती है, क्योंकि विवाह से पहले बेटी की जाति पिता के परिवार की जाति ही मानी जाती है। प्रक्रिया बेटे जैसी ही रहती है।
शादीशुदा बेटी के लिए खास नोट: शादी के बाद बेटी के प्रमाणपत्र को लेकर अक्सर सवाल उठते हैं, मायके की जाति चलेगी या ससुराल की। इस विषय पर विस्तार से जानने के लिए हमारा संबंधित लेख जरूर पढ़ें, जिसमें शादीशुदा महिलाओं के प्रमाणपत्र की पूरी प्रक्रिया Step By Step बताई गई है।
महत्वपूर्ण नोट: बेटी के मामले में भी पुराना प्रमाणपत्र पिता का ही सबसे मजबूत आधार होता है। आवेदन करते समय वैवाहिक स्थिति सही-सही दर्ज करें, क्योंकि इसी के आधार पर आगे की प्रक्रिया तय होती है।
Saransh: Purane Jati Praman Patra Se Naya Banwana Sabse Saral Rasta
तो दोस्तों, पूरी बात का सार यह है कि purane jati praman patra se naya certificate बनवाना सबसे आसान, सबसे तेज और सबसे भरोसेमंद तरीका है। पुराना प्रमाणपत्र आपकी जाति का पहले से जांचा हुआ सबूत है, इसलिए अधिकारियों को दोबारा लंबी जांच की जरूरत नहीं पड़ती।
- हाथ से बना पुराना प्रमाणपत्र हो या कंप्यूटर वाला, दोनों मान्य हैं, बस असली और पढ़ने लायक होना चाहिए।
- मुख्य दस्तावेज सिर्फ चार हैं, पुराना प्रमाणपत्र, आधार कार्ड, फोटो और स्व-घोषणा पत्र।
- फॉर्म में जाति वही लिखें जो पुराने प्रमाणपत्र में दर्ज है, एकरूपता बहुत जरूरी है।
- पुराना प्रमाणपत्र खो गया हो तो डुप्लीकेट निकलवाएं या खतियान, स्कूल रिकॉर्ड, शपथ पत्र जैसे विकल्प अपनाएं।
- बेटा हो या बेटी, दोनों के लिए पिता का पुराना प्रमाणपत्र ही सबसे मजबूत आधार है।
Quick Links
| लिंक | विवरण |
| Apply Online | RTPS portal, RTPS पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करें |
| संबंधित लेख | शादीशुदा महिला का प्रमाणपत्र कैसे बनाएं, पूरी प्रक्रिया |
| संबंधित लेख | जाति प्रमाणपत्र के लिए कौन सा दस्तावेज़ चलेगा, देखें पूरी सूची |

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
Purane jati praman patra se naya banwane me kitna samay lagta hai?
RTPS पोर्टल पर आवेदन निर्धारित समय-सीमा में निपटाया जाता है, पुराना प्रमाणपत्र लगा होने पर आवेदन मजबूत माना जाता है। स्थिति Application Receipt की आवेदन संख्या से Track करें।
हाथ से बना बहुत पुराना प्रमाणपत्र चलेगा?
हां, चलेगा। अगर वह किसी सक्षम अधिकारी द्वारा जारी किया गया है और उस पर मुहर व हस्ताक्षर हैं, तो हाथ से बना पुराना प्रमाणपत्र पूरी तरह मान्य है। बस उसमें लिखी जाति साफ पढ़ी जानी चाहिए।
Purane jati praman patra se naya banwate samay kya purana certificate jama karna padta hai?
नहीं, मूल प्रमाणपत्र कहीं जमा नहीं करना पड़ता। सिर्फ उसकी साफ स्कैन कॉपी पोर्टल पर Upload होती है और मूल प्रमाणपत्र आपके पास ही रहता है।
पिता का प्रमाणपत्र नहीं है, दादा का है तो चलेगा?
हां, चल सकता है। दादा के प्रमाणपत्र के साथ पिता का कोई दस्तावेज, जैसे पहचान पत्र, लगा दें ताकि पारिवारिक संबंध स्पष्ट हो जाए। संबंध साफ होने पर दादा का प्रमाणपत्र भी मान्य आधार बनता है।
शादीशुदा बेटी purane jati praman patra se naya kaise banwaye?
शादीशुदा बेटी के मामले में पिता के पुराने प्रमाणपत्र के साथ वैवाहिक स्थिति सही-सही दर्ज करनी होती है। इस विषय की पूरी प्रक्रिया हमारे संबंधित लेख में Step By Step बताई गई है, Quick Links में दिया गया लिंक जरूर देखें।
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लेखक: biharrtps.in टीम, बिहार के सरकारी प्रमाणपत्रों की सही और आसान भाषा में जानकारी देने वाला ब्लॉग।








